Close Menu
  • BREAKING NEWS
  • NATIONAL NEWS
    • Delhi NCR
    • UP NEWS
    • NOIDA
    • GOA
    • Uttrakhand
    • HIMACHAL
    • RAJASTHAN
  • HARYANA NEWS
    • GURUGRAM
    • CHANDIGARH
    • FARIDABAD
    • PALWAL
      • MEWAT
  • ENTERTAINMENT NEWS
  • MORE TOPICS
    • Health & Fitness
    • SPORTS
  • Video
Facebook X (Twitter) Instagram
Tuesday, April 28
Facebook X (Twitter) Instagram
Today Express News
  • BREAKING NEWS
  • NATIONAL NEWS
    • Delhi NCR
    • UP NEWS
    • NOIDA
    • GOA
    • Uttrakhand
    • HIMACHAL
    • RAJASTHAN
  • HARYANA NEWS
    • GURUGRAM
    • CHANDIGARH
    • FARIDABAD
    • PALWAL
      • MEWAT
  • ENTERTAINMENT NEWS
  • MORE TOPICS
    • Health & Fitness
    • SPORTS
  • Video
Today Express News
Home » गुणवत्ता के साथ स्वास्थ्य सेवाओं को ग्रामीणेां तक पहुंचाने में अग्रिम नवाचारों की शुरुआत: विश

गुणवत्ता के साथ स्वास्थ्य सेवाओं को ग्रामीणेां तक पहुंचाने में अग्रिम नवाचारों की शुरुआत: विश

Ajay vermaBy Ajay verma21/08/2019No Comments4 Mins Read

TODAY EXPRESS NEWS : चुरु, 21 अगस्त। राजस्थान में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रो को सुद्वढ़ करने व इसकी सुविधाअेंा का लाभ ग्रामीणेां तक पहुंचाने के लिए सरकार ने पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप के तहत एक मॉडल पायलेट परियोजना की शुरुआत विश फांउडेशन के साथ मिलकर वर्ष 2015 में शुरु की थी। इस भागीदारी का ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं पर सकारात्मक असर देखा गया है। यह जानकारी राज्य के निदेशक कपिल जुत्शी ने बुधवार को पत्रकार वार्ता में दी। श्री जुत्शी ने बताया कि 2014 के अंत में एलईएचएस। विश ने राज्य सरकार के साथ बातचीत शुरू की और पब्लिक प्राइवेट भागीदारी के तहत प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के प्रदर्शन में सुधार का प्रस्ताव रखा। विश फाउंडेशन ने वर्ष 2015 में 30 प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों (और संबद्ध 153 उप केन्द्रों ) का प्रबंधन राज्य सरकार से अपने हाथों में पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप के तहत लिया। विश फांउडेशन ने न केवल इन पीएचसी के प्रबंधन का अधिग्रहण किया है, बल्कि निदान और गुणवत्ता के साथ स्वास्थ्य सेवाओं को ग्रामीणेां तक पहुंचाने में अग्रिम नवाचारों की भी शुरुआत की। राज्य सरकार ने पीएचसी के प्रदर्शन में सकारात्मक बदलावों को देखते हुए 2016 में ग्रामीण क्षेत्रों और 2017 में शहरी क्षेत्र की पीएचसी को पीपीपी मोड के तहत इच्छुक गैर सरकारी संगठनों से इस तरह के अनुरोध के लिए प्रस्ताव (आरएफपी) आमंत्रित करके उन्हें सौंपा। वर्तमान में एलईएचएस /विश राज्य के 14 जिलों में 31 (24 ग्रामीण और 7 शहरी) पीएचसी में काम कर रहा है। स्वास्थ्य केंद्रो पर आया सुधार उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंर्तगत डाटा प्रबंधन पोर्टल के आंकडों के अनुसार विश द्वारा प्रबंधन द्वारा संचातिल स्वस्थ्य केंद्रो में दी गई सेवाअेंा में प्रबल सुधार आया है। जैसे कि मासिक ओपीडी में 2014 के अनुपात में 2018 में दुगनी वृद्वि (वर्ष 2014 में 27164 व 2018 में 40953) दर्ज की गई। स्वास्थ्य केंद्रो पर प्रसव पूर्व जांच (अर्ली एएनसी जांच) में 23 प्रतिशत (वर्ष 2014 में 222 व 2018 में 273) की बढ़ेातरी दर्ज की गई है। इसी तरह से पूर्ण टीकाकरण में 20 प्रतिशत (वर्ष 2014 में 224 व 2018 में 269) व आईपीडी /डे केयर में 453 प्रतिशत (वर्ष 2014 में 208 व 2018 में 1151) की बढ़ेातरी दर्ज की गई। यही नहीं, विश फाउंडेशन द्वारा संचातिल स्वास्थ्य केंद्रो से समुदाय के लोग भी संतुष्ट है। यह बदलाव आधुनितक तकनीक की प्रणाली के समायेाजन, सहायक प्रवेक्षण एंव कार्यकर्ताअेां की अटूट लग्न से सभंव हो पाया है। पीएचसी पर 37 शारीरिक जांच श्री जुत्शी ने बताया कि फाउंडेशन अपनी तकनीकी नवाचार के लिए जाना जाता है, जिसमें राज्य में मेाबाइल पैथ लैब की शुरुआत भी शामिल है। इस पैथ लैब में विभिन्न तरह के 37 परीक्षण किया जाता है। जबकि राज्य सरकार की निःशुल्क जांच येाजना में 15 परीक्षण ही किये जाते है। इस नवाचार से लोगों के समय व धन की बचत हेाती है और बीमारियों को भी जल्द पहचानने में सहायता मिलती है। इसके साथ संस्था द्वारा डिजिटल हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर को भी बढ़ावा दे रही है जिसमें टेलिमेडिसिन, दवा एटीएम, मोबाइल इसीजी, प्रसव जानकारी यंत्र, एंव बच्चों में श्रवण संबधी बीमारियों को पता लगाने के यंत्र इत्यादि शामिल हैं। उन्होने बताया कि संस्था द्वारा पीपीपी मोड पर लिए गए स्वास्थ्य केंद्रेां (सिरसला, लेासना बड़ा) को सरकार को वापिस सैांप रहा है। इस परिवर्तन को जारी रखने के लिए संस्था राज्य सरकार को तकनीकी सहायता देने को तैयार है। जिसके लिए संस्था द्वारा राज्य तकनीकी सहायता इकाई (टीएसयू) का गठन कर लिया गया है। विश फाउंडेशन के आपरेशन हैड अमोल राय ने बताय कि संस्था द्वारा संचालित स्वास्थ्य केंद्रों पर जयपुर बैठे विशेषज्ञों की सेवांए टेलीमेडिसिन द्वारा उपलब्ध कराई जा रही है। विशेषज्ञों द्वारा मिल रही इस सुविधा से ग्रामीण लाभांवित हो रहे है। इस अवसर पर विश फाउंडेशन के जिला समन्वयक रवि दाधीच ने चुरु जिले में चल रही स्वास्थ्य येाजना की जानकारी दी।

( टुडे एक्सप्रेस न्यूज़ के लिए अजय वर्मा की रिपोर्ट )


CONTACT FOR NEWS : JOURNALIST AJAY VERMA – 9716316892 – 9953753769
EMAIL : todayexpressnews24x7@gmail.com , faridabadrepoter@gmail.com
Share. WhatsApp Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Email
Ajay verma
  • Website
  • Facebook
  • X (Twitter)

Founder & editor-in-chief of Today Express News.

Related Posts

राजस्थान : महिला सब इन्स्पेक्टर को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ किया गिरफ्तार

21/11/2025

क्या अब डॉक्टरों को अपनी बेगुनाही का सबूत देने के लिए अपनी जान की कुर्बानी देनी पड़ेगी??

01/04/2022

बदलती जीवनशैली से प्रभावित हो रही सुनने की क्षमता, ईएनटी चिकित्सकों ने जताई चिंता

02/03/2021
Leave A Reply Cancel Reply

Channel
Advertisement

Facebook X (Twitter) Pinterest Vimeo WhatsApp TikTok Instagram

News

  • World
  • US Politics
  • EU Politics
  • Business
  • Opinions
  • Connections
  • Science

Company

  • Information
  • Advertising
  • Classified Ads
  • Contact Info
  • Do Not Sell Data
  • GDPR Policy
  • Media Kits

Services

  • Subscriptions
  • Customer Support
  • Bulk Packages
  • Newsletters
  • Sponsored News
  • Work With Us

Subscribe to Updates

Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

© 2026 ThemeSphere. Designed by CSG.
  • Privacy Policy
  • Terms
  • Accessibility

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.