फरीदाबाद पुलिस ने पॉक्सो (POCSO) अधिनियम के एक मामले में पिछले सात वर्षों से फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। यह कार्रवाई पुलिस के पीओ स्टाफ सेक्टर-17 ने तकनीकी निगरानी, खुफिया सूचना और लगातार की गई पड़ताल के आधार पर की।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी की पहचान शंकर दास, निवासी गुहला, जिला कैथल (हरियाणा) के रूप में हुई है। आरोपी वर्ष 2019 में दर्ज पॉक्सो मामले में वांछित था और लंबे समय से पुलिस गिरफ्त से बचने के लिए लगातार अपने ठिकाने बदल रहा था। न्यायालय ने उसे पहले ही उद्घोषित अपराधी (पीओ) घोषित कर रखा था।
वर्ष 2019 में दर्ज हुआ था मामला
पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि जून 2019 में महिला थाना बल्लभगढ़ में एक महिला ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उसकी नाबालिग बेटी के साथ आरोपी ने गलत कार्य किया है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने पॉक्सो अधिनियम और भारतीय दंड संहिता (IPC) की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।
मामला दर्ज होने के बाद आरोपी फरार हो गया और गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार अलग-अलग स्थानों पर छिपकर रहने लगा।
तकनीकी निगरानी और खुफिया सूचना से मिली सफलता
पीओ स्टाफ के प्रभारी निरीक्षक समेर सिंह के नेतृत्व में टीम लगातार आरोपी की तलाश में जुटी हुई थी। पुलिस ने तकनीकी निगरानी, खुफिया सूचना और स्थानीय स्तर पर जांच के जरिए आरोपी की गतिविधियों का विश्लेषण किया। इसके बाद सटीक सूचना मिलने पर योजनाबद्ध कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।
राजस्थान, दिल्ली और हरियाणा में बदलता रहा ठिकाना
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह पिछले सात वर्षों से गिरफ्तारी से बचने के लिए राजस्थान, दिल्ली और हरियाणा के अलग-अलग इलाकों में रह रहा था। वह ड्राइवरी का काम करता था और पहचान छिपाने के लिए लगातार अपना ठिकाना बदलता रहता था।
न्यायिक हिरासत में भेजा गया
गिरफ्तारी के बाद आरोपी को अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। पुलिस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।
